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राजस्थान में ब्यूरोक्रेसी के बीच हुआ विवाद, आईपीएस पंकज चौधरी ने कराया केस दर्ज 

राजस्थान के प्रशासनिक जगत में एक बार फिर बड़ा उलटफेर हुआ है। 2009 बैच के आईपीएस अधिकारी पंकज चौधरी एक बार फिर सुर्खियों में हैं। उन्होंने अपने सीनियर एडीजी संजीव नर्जरी और राज्य के मुख्य सचिव सुधांश पंत के खिलाफ केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण (कैट) में मामला दर्ज कराया है। 
 

Rajasthan News : राजस्थान के प्रशासनिक जगत में एक बार फिर बड़ा उलटफेर हुआ है। 2009 बैच के आईपीएस अधिकारी पंकज चौधरी एक बार फिर सुर्खियों में हैं। उन्होंने अपने सीनियर एडीजी संजीव नर्जरी और राज्य के मुख्य सचिव सुधांश पंत के खिलाफ केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण (कैट) में मामला दर्ज कराया है। 

पंकज चौधरी का आरोप 

चौधरी का आरोप है कि उनके काम के बावजूद जानबूझकर उनकी ग्रेडिंग कम की गई, जिससे उनका करियर प्रभावित हो सकता है।आईपीएस पंकज चौधरी एक बार फिर चर्चा में हैं। राजस्थान कैडर के इस आईपीएस ने अपने सीनियर एडीजी संजीव नर्जरी और राज्य की नौकरशाही के मुखिया मुख्य सचिव सुधांश पंत के खिलाफ केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण में केस दर्ज कराया है। पंकज चौधरी का आरोप है कि संजीव नर्जरी ने जानबूझकर उनकी ग्रेडिंग कम की है। उन्होंने इस मामले में मुख्य सचिव को भी शामिल किया है। पंकज चौधरी 2009 बैच के आईपीएस हैं। चौधरी का आरोप है कि एडीजी संजीव नर्जरी उनके प्रति व्यक्तिगत द्वेष रखते हैं, जिसके चलते उनकी ग्रेडिंग कम की गई है। 

इस कारण हुआ था मामला दर्ज 

उन्होंने कहा कि राज्य सेवा में व्यक्तिगत द्वेष नहीं चलता। यह कोई राजनीतिक क्षेत्र नहीं है। अगर अधिकारी के काम के सबूत हैं तो ग्रेडिंग कैसे कम की जा सकती है। पंकज चौधरी 2022 से कम्युनिटी पुलिसिंग के एसपी हैं। वर्ष 2022-23 में कंट्रोलिंग ऑफिसर एडीजी विशाल बंसल ने पंकज चौधरी के काम को उत्कृष्ट बताया और उन्हें 9.11 की एक्सीलेंस ग्रेडिंग दी। पंकज की ग्रेडिंग को डीजीपी ने भी स्वीकार किया। वर्ष 2023-24 में एडीजी संजीव नर्जरी उनके नियंत्रक अधिकारी थे। उन्होंने चौधरी की ग्रेडिंग कम कर दी और उन्हें मात्र 7 अंक दिए। जबकि वर्ष 2024-25 में पंकज चौधरी को 9.27 ग्रेडिंग मिली। इसी आधार पर पंकज चौधरी ने यह मामला दर्ज कराया है।