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7000 करोड़ राशि से इन 2 जिलों की जनता की होगी मौज, इन  दो जिलों में मीठे पानी की टेन्सन खत्म 

राजस्थान के इन जिलों में से पानी की समस्या छूमंतर होने वाली है। हम जइन 2 जिलों की बात कर रहे हैं वो 2 जिले सीकर व झुंझनु है। जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी के अनुसार आने वाले 2 सालों के अंदर अंदर गाँव गाँव को मीठा पानी मिलेगा। सरकार ने इसके लिए 7000 करोड़ रुपए का मास्टर प्लान तैयार किया है।
 
7000 करोड़ राशि से इन 2 जिलों की जनता की होगी मौज, इन  दो जिलों में मीठे पानी की टेन्सन खत्म 

Rajasthan New Canal: राजस्थान के इन जिलों में से पानी की समस्या छूमंतर होने वाली है। हम जइन 2 जिलों की बात कर रहे हैं वो 2 जिले सीकर व झुंझनु है। जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी के अनुसार आने वाले 2 सालों के अंदर अंदर गाँव गाँव को मीठा पानी मिलेगा। सरकार ने इसके लिए 7000 करोड़ रुपए का मास्टर प्लान तैयार किया है।

कुंभाराम लिफ्ट नहर परियोजना के तहत उदयपुरवाटी, सूरजगढ़ और पिलानी क्षेत्रों में जलापूर्ति के लिए 1200 करोड़ रुपए की निविदाओं को भी मंजूरी दी गई। मंत्री ने यह बात झुंझुनू दौरे के दौरान कही। उन्होंने जल संरक्षण के महत्व पर भी जोर दिया।बैठक में मंत्री ने अधिकारियों को पूरी योजना का प्रस्तुतीकरण दिखाया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य है कि प्रत्येक ग्रामीण व्यक्ति को प्रतिदिन 55 लीटर पानी मिले तथा प्रत्येक ग्रामीण को प्रतिदिन 100 से 135 लीटर पानी मिले। सरकार इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए काम कर रही है।

मंत्री ने कहा कि कुंभाराम लिफ्ट नहर परियोजना के तहत उदयपुरवाटी, सूरजगढ़ और पिलानी क्षेत्रों में जलापूर्ति के लिए सरकार ने 1200 करोड़ रुपए के टेंडर जारी किए हैं। कंपनी के साथ समझौता हो गया है और पाइपलाइन बिछाने का काम जल्द ही शुरू हो जाएगा। इससे इन क्षेत्रों में पानी की समस्या हल हो जाएगी। जल संकट पर बोलते हुए मंत्री ने कहा कि हमारे बुजुर्गों ने कभी हैंडपंप, बोरवेल और नहर का पानी नहीं देखा। वे वर्षा जल का भंडारण करते थे और साल भर उसका उपयोग करते थे। लेकिन आज हम पानी के महत्व को भूल जाते हैं।

उन्होंने अधिकाधिक वृक्षारोपण और जल संरक्षण का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि ये कदम भावी पीढ़ियों के लिए जीवन रेखा बनेंगे।मंत्री कन्हैयालाल चौधरी ने भी कहा कि जल संरक्षण के लिए सभी को मिलकर काम करना होगा। उन्होंने लोगों से पानी बचाने और उसका विवेकपूर्ण उपयोग करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि पानी बहुमूल्य है और इसे बर्बाद नहीं किया जाना चाहिए। इससे पहले कार्यक्रम में मंत्री कन्हैयालाल चौधरी ने 'वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान' के तहत मलसीसर बांध पर भगवान वरुण का पूजन किया। पुजारी वैदिक मंत्रों के साथ पूजा करते हैं। इसके बाद मंत्री ने परियोजना के नियंत्रण कक्ष परिसर में पौधारोपण किया। उन्होंने लोगों को जल और पर्यावरण बचाने की शपथ भी दिलाई। उन्होंने कहा कि यह अभियान अब एक जनांदोलन बन गया है और सभी को इसमें भाग लेना चाहिए।